Saturday, 16th December, 2017

चलते चलते

स्टार्टअप कंपनी में खुद को 'ग्रोथ हैकर' बता रहा युवक चपरासी की नौकरी करते पकड़ा गया

15, Jun 2017 By Pagla Ghoda

नई दिल्ली. पंजाबी बाग की रणछोड़ गली के चौथे मोहल्ले में तब हाहाकार मच गया, जब मकान नंबर 421 के श्री कमलेश कुलश्रेष्ठ के बेटे की चपरासी की यूनिफार्म में फोटोज़ उन्हें व्हॉट्सएप पे मिलीं। जबकि उनके बेटे ने घर पे ये बताया हुआ था कि वो एक स्टार्टअप में ‘ग्रोथ हैकर’ है। फोटोज़ देखते ही श्री कुलश्रेष्ठ ने फ़ौरन अपने पच्चीस वर्षीय बेटे कुंजल कुलश्रेष्ठ को कान पकड़ कर उसके कमरे से निकाला और उसकी जमकर धुलाई की। उनकी धर्मपत्नी श्रीमती कमला कुलश्रेष्ठ, जो कि अपने बेटे को एक स्टार्टअप कंपनी में बड़ी पोज़ीशन पर कायम समझती थीं, का भी रो रो कर बुरा हाल था।

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साथियों से मुँह छुपाता कुंजल

लगभग बिलखते हुए श्रीमती कुलश्रेष्ठ ने कहा, “दुःख इस बात का नहीं कि हमारा कुंजल चपरासी है, हर काम महान है, पर हमसे झूठ क्यों बोला, सच बोल देता तो दिल को ये ठेस तो नहीं पहुँचती!”

श्री कमलेश ने भी भरे गले से कहा, “जब बंसल साहब ने उस दिन चाय पे बताया कि उनके बेटे बिन्नी ने अपनी खुद की स्टार्टअप खोली है तो मैंने भी गर्व से कह दिया था कि हमारा कुंजल भी एक स्टार्टअप में ‘ग्रोथ हैकर’ है। मेरे पूरे ओल्ड ऐज ग्रुप में चुप्पी छा गयी थी। अजी ‘ग्रोथ हैकर’ का मतलब भी नहीं पता था किसी को! वैसे तो मुझे भी नहीं पता, पर बाई गॉड उस समय गर्व बहुत हुआ था खुद पे! लेकिन अब देखो जी, किस मुंह से जाऊंगा अपने ग्रुप में! सुबह पार्क में जब हम सब लोग ठहाके मार के हँसने वाली एक्सरसाइज़ करेंगे तो मुझे लगेगा सब मुझ पे ही हंस रहे हैं।”

वैसे, अभी ये साफ़ नहीं है कि आखिर किसने कुंजल की पोल खोली क्योंकि ये फोटोज उसके पिता को एक अनजान नंबर से भेजी गयी थीं। पर स्वयं कुंजल ने इस मामले पर खुल कर बात की। आंसू पोंछते हुए उसने कहा, “हाँ यह सच है कि मैं चायवाला छोटू बन गया हूँ एक स्टार्टअप में, लोगों को चाय समोसे, इत्यादि लाकर देता हूँ। लेकिन मुझे गर्व है कि मैं खून पसीना एक करके पैसे कमाता हूँ। वहां बैठे कुछ लोग तो बस पूरा दिन रंग बिरंगी कुर्सियों पे बैठ के कॉफ़ी पीते हैं, डोनट खाते हैं और खूबसूरत लड़कियों पे लाइन मारते हैं। कोई खुद को ‘ग्रोथ थिंकर’, कोई ‘ग्रोथ हैकर’ और कोई ‘ग्रोथ इवैंजलिस्ट’ कहता है। पूरा दिन बैठ के बकवास करते हैं और लाखों कमा रहे हैं। मैंने मेहनत करके दो पैसे कमा लिए तो क्या गलत कर लिया?”

हालाँकि कुंजल क्यों और किन हालात में चपरासी बन बैठा, ये अभी साफ़ नहीं है, पर कुंजल के पिता के अनुसार उसने कुछ महीने पहले ढाई लाख रूपये देकर ‘ग्रोथ हैकिंग’ का एक ऑनलाइन कोर्स किया था और उसी के बलबूते पर वो स्टार्टअप कंपनियों में ‘टॉप जॉब’ ढूंढ रहा था। हालाँकि उसके बारहवीं फेल होने के कारण उसे इससे बढ़िया जॉब नहीं मिली।



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