Wednesday, 22nd November, 2017

चलते चलते

रॉयल एनफील्ड ने चालक से की लेह-लद्दाख चलने की मांग, ना मानने पर स्टार्ट होने से किया इनकार

12, Nov 2017 By ANKIT SHARMA

पुणे. हाल ही में पुणे के वकाड गांव में रॉयल एनफील्ड बाइक और उसके चालक के बीच लड़ाई होने की एक अश्चार्यजनक ख़बर सामने आई है। रोज़ की तरह शनिवार को करीब सुबह 9 बजे नमन काली जैकेट, वुडलैंड के जूते और गले में चैन पहने अपनी एनफील्ड बाइक पर ऑफिस के लिए निकला।

Royal-Enfield-Ladakh
अकेले ही लेह-लद्दाख़ ट्रिप पर जाती एनफ़ील्ड कुमारी

थोड़ी दूर जाकर हिंजेवाड़ी के ट्रैफिक के बीच में अचानक से एनफील्ड बंद पड़ गयी और नमन के लाख कोशिश करने के बाद भी स्टार्ट नहीं हुई। ग़ुस्से में आकर नमन ज़ोर-ज़ोर से हाथ-पैर मारने लगा। तभी अचानक आवाज आई, “लात मारना बंद कर मुझे, मैं अब स्टार्ट नहीं होऊँगी!” बाइक को बोलता देख रोहित घबरा गया और उससे स्टार्ट ना होने का कारण पूछने लगा।

नमन का प्रश्न सुनकर अचानक से एक आम लड़की की तरह डुग-डुग कर एनफील्ड रोने लगी और रोते रोते बोली, “दो साल हो गए मुझे लिए पर आज तक मुझे कहीं घुमाने लेकर नहीं गए। हर एनफील्ड की तरह मेरा मन भी लेह-लद्दाख जाने का करता है। लेह-लद्दाख तो छोडो, तुम तो मुझे आज तक कभी लोनावला भी नहीं ले गए। इन पुणे की सड़कों पर तो पैदल इंसान भी मुझसे आगे निकल जाता है, यह देखकर मुझे बहुत बुरा लगता है। अगर मुझे यहीं चलाना था फिर मुझे ख़रीदा ही क्यों?” साथ ही, एनफील्ड ने यह शिकायत भी की कि उसके पीछे वाली सीट पर आज तक कोई लड़की नहीं बैठी!

नमन ने एनफील्ड को समझाते हुए कहा, “जब से तुम मेरी जिंदगी में आयी हो, एक टाइम का उपवास कर रहा हूँ। अगर तुम्हें कहीं लंबा घुमाने ले गया या कोई गर्लफ्रेंड बना ली तो फिर तो मुझे दोनों टाइम का उपवास रखना पड़ेगा!”

इस घटना को सुनकर एनफील्ड गैंग के सभी सदस्यों में हाहाकार मच गया है। वे लोग एक-दूसरे को फेसबुक के मेमे में टैग छोड़कर सचमुच में लेह-लद्दाख जाने की तैयारी कर रहे हैं। चालक गंगाधर, जिन्होंने एनफील्ड लेने के बाद अपना नाम रॉकी रख लिया था, इस घटना से बेफिक्र हैं क्योंकि वो दो बार एनफील्ड से पुणे से लद्दाख़ 3000 किलोमीटर की यात्रा कर चुके हैं।



ऐसी अन्य ख़बरें