Tuesday, 12th December, 2017

चलते चलते

डिलीवरी ब्वॉय को पांच मिनट आराम करने का मिल गया मौका, घरवालों को फोन पे दी खुशखबरी

17, Oct 2017 By Ritesh Sinha

भोपाल. त्यौहारों का मौसम आते ही टेलीमार्केटिंग कंपनियों के डिलीवरी ब्वॉय ‘मशीन’ बन गए हैं, काम का बोझ इतना है कि उन्हें “सुसु” करने की भी फुरसत नहीं है। लेकिन एक चौंका देने वाली घटना में एक डिलीवरी ब्वॉय को पूरे पांच मिनट आराम करने का मौका मिल गया। उस खुशकिस्मत डिलीवरी ब्वॉय का नाम प्रशांत बताया जा रहा है, जो “आमजन” कंपनी में काम करता है।

साँस लेने के लिए ब्रेक लेते डिलिवरी बॉयज़
साँस लेने के लिए ब्रेक लेते डिलिवरी बॉयज़

दरअसल प्रशांत, एरिया कॉलोनी में कुकर की डिलीवरी देने गया था। इस कुकर का आर्डर देने वाली साधना मैडम ने पूरे पांच मिनट बाद अपने घर का दरवाजा खोला। नतीजा यह हुआ कि प्रशांत को पांच मिनट तक वहीँ बेंच में बैठने का मौका मिल गया।

इस पांच मिनट को प्रशांत ने बड़ी चालाकी से यूज किया। सबसे पहले तो उसने अपने मामाजी को फोन लगाया, क्योंकि मामाजी ही उसे सबसे ज्यादा ताना दिया करते थे। फोन पर उसने बताया कि, “मामाजी! घर पर सब ठीक हैं! मैं अभी ड्यूटी में तो हूँ, लेकिन पिछले दो मिनट से चुपचाप बैठा हुआ हूँ! कुछ काम ही नहीं है!” यह सुनते ही उनके मामाजी का सर चकराने लगा, और वे आगे कुछ नहीं बोल पाए।

इसके बाद प्रशांत ने अपने घरवालों को यह खुशखबरी सुनाई। उसने फोन पर बताया कि, “मम्मी! मैं अभी ड्यूटी पर तो हूँ, लेकिन पिछले चार मिनट से आराम कर रहा हूँ! पापा को भी यह खुशखबरी बता देना! चलो, रखता हूँ!”

घर में फोन करने के बाद प्रशांत ने तीन-चार लंबी गहरी सांस ली। इससे पहले उसने इस तरह की सांस कब ली थी, यह प्रशांत को भी याद नहीं है। बचे हुए एक मिनट में उसने फेकिंग न्यूज़ को फोन करके इस घटना की जानकारी दी। प्रशांत की आवाज सुनकर लग रहा था कि आज वो बहुत खुश है। इसके बाद उसने एक छोटा सा पत्थर उठाया, और गली में चल रहे कुत्ते को फेंककर मारा भी था। तभी साधना मैडम ने दरवाजा खोल दिया। प्रशांत ने तुरंत उनका पार्सल दिया, और साइन कराके वहां से निकल गया।

इस ऐतिहासिक घटना के बाद प्रशांत, एक बार फिर से मशीन बन गया है, और समाचार लिखे जाने तक वह सामानों की डिलीवरी में ही लगा हुआ था। उधर, “आमजन” कंपनी ने इस घटना की जांच के आदेश दे दिए हैं। साथ ही कंपनी ने अपने डिलीवरी ब्वॉयज के लिए एक एडवायजरी भी जारी कर दी है, जिसमे कहा गया है कि, “अगर कोई जल्दी दरवाजा ना खोले, तो पागलों की तरह “डोरबेल” बजाते रहें! वहां जाकर किसी को चुपचाप नहीं बैठना  है, प्रशांत की तरह। इस तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी!”



ऐसी अन्य ख़बरें