Tuesday, 28th February, 2017
चलते चलते

UPSC के सिलेबस मे शामिल होगी यादव परिवार की लड़ाई, तैयारी कर रहे छात्रों की हवा टाइट हुई

18, Jan 2017 By Ritesh Sinha

नयी दिल्ली/लखनऊ. हर साल की तरह इस बार भी UPSC की परीक्षा को और कठिन बनाने की तैयारी शुरू हो गई है। इस बार UPSC एग्जाम के सिलेबस में यादव परिवार की लड़ाई को भी शामिल कर लिया गया है। इस निर्णय के बाद यादव परिवार के दंगल से जुड़े प्रश्न भी इस साल परीक्षा में पूछे जाएँगे। माना जा रहा है कि ऐसा करने से UPSC क्लियर करना और भी मुश्किल हो जाएगा।

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यादव परिवार की लड़ाई पढ़ता एक सिविल फाइटर

UPSC के एक बड़े अधिकारी ने फ़ेकिंग न्यूज़ को बताया कि- “देखिए! हमें हर कुछ दिन बाद परीक्षा के पैटर्न में बदलाव करने में बड़ा मज़ा आता है। हमारी कोशिश रहती है कि एग्जाम देने वाले छात्रों को ज्यादा से ज्यादा टेंशन दी जाये। पिछले साल CSAT का लोचा किया था, इस बार हमने सोचा कि क्यों ना यादव परिवार के झगड़े को ही सिलेबस में शामिल कर दें और हमने ये कर भी दिया। अब आएगा मज़ा!”

“तो इस बार परीक्षा में किस तरह के प्रश्न पूछे जाएँगे?”, यह पूछे जाने पर अधिकारी जी ने बताया कि “इस साल की परीक्षा में ‘रामगोपाल यादव को पहली बार सपा से कब निकाला गया था? कुल मिलाकर उन्हें कितनी बार पार्टी से बाहर किया गया? अखिलेश को कितनी बार निकाला गया? कितनी बार वापस लिया गया? लड़ाई में अमर सिंह का क्या रोल था?’ जैसे कठिन प्रश्न पूछे जाएँगे। इसके अलावा, इंटरव्यू में छात्रों को मुलायम सिंह द्वारा लिखे गए पत्रों की संदर्भ सहित व्याख्या करनी होगी।

छात्रों के लिये यह सबसे मुश्किल होगा क्योंकि मुलायम की भाषा को उनके अलावा सिर्फ शिवपाल यादव ही समझ सकते हैं।

इस निर्णय से UPSC की तैयारी कर रहे छात्रों की नींद उड़ गई है। दिल्ली के मुखर्जी नगर में चार साल से इस परीक्षा की तैयारी में जुटे प्रभात रंजन ने बताया कि “किसने किसको निकाला, ये हम कैसे याद रख पाएँगे? सुबह निकालते थे, दोपहर में वापस लेके शाम को फिर निकाल देते थे। इतना कन्फ्यूजन है बाईगॉड! इससे तो अच्छा था सिलेबस में चाईनीज भाषा शामिल कर देते, मैं उसे पढ़ लेता लेकिन ये यादव परिवार हमसे नहीं झेला जाएगा।”

“आज से UPSC बंद और बैंक क्लर्क की तैयारी शुरू!”- प्रभात ने जीएस की जगह बैंक पीओ की बुक उठाते हुए कहा। विशेषज्ञों का भी मानना है कि अब UPSC क्लियर करना और कठिन हो जाएगा।



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