Tuesday, 24th October, 2017

चलते चलते

फ़ाइनल ईयर प्रोजेक्ट में गोवा ट्रिप की फ़ोटो submit करने पर डीन ने दिये इंजीनियर्स को पूरे मार्क्स

29, Apr 2017 By Pawan Upadhyaya

ग़ाज़ियाबाद. दिल्ली-एनसीआर स्थित “फलाना-ढीमाका इंस्टिट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी” में पढ़ रहे बी.टेक फाइनल इयर के छात्र दद्दू, मिश्रा, भाटी साहब, दुबे और बाबा (असल नाम इसलिए गोपनीय रखे गए हैं क्योंकि उन्हें कोई जानता ही नहीं) ने रातोंरात तब सुर्खियाँ बटोरी जब पूरे बैच में सिर्फ उनके ग्रुप को फाइनल इयर प्रोजेक्ट में फुल इंटरनल मिले. इस वाकये में रोचक बात ये सामने आई है कि इस ग्रुप ने प्रोजेक्ट में अपने Goa ट्रिप की फोटो submit की थी।GoGoaGone

क्लास के “मग्गू एसोसिएशन” ने इस बात का दम पेल के विरोध किया और इन फोटेज़ को photoshoped बताया. उन्होंने जंतर-मंतर जाकर केजरीवाल के फ्री वाई-फाई का इस्तेमाल कर इस घटना की जानकारी HRD Ministry को दी.

जैसा की आप सब जानते हैं कि दिल्ली मेट्रो में सीट पाना और इंजीनियरिंग के दौरान Goa ट्रिप पुरी हो जाना पूरी तरह से काल्पनिक बात है जिसका किसी भी जीवित या मृत व्यक्ति से कोई संबंध नहीं है. अगर फिर भी ऐसा होता है तो उसे मात्र एक संयोग कहते है. ठीक यही संयोग इन लौंडे-लपाड़ीयों के साथ हुआ जिसपर विश्वास करना मदर डेरी के दूध से शरीर बनाने जैसा है, माने कि नामुमकिन.

इस घटना के बाद कॉलेज के डीन के ऊपर भी सवालिया निशान उठाये गए हैं जिसका उन्होंने खुलकर फेसबुक पर जवाब दिया, उन्होंने कहा ”इंजीनियरिंग कॉलेज में 3 प्रकार के स्टूडेंट्स आते हैं, पहले वो जो Goa के beach का प्लान बनाते-बनाते हरिद्वार में ही डुबकी मार लेते हैं, दूसरे वो जो Goa जाने का प्लान एंड-सेम एग्जाम की एक रात पहले बनाते हैं पर अगले दिन वाले एग्जाम में बैक पाने के बाद उनके हौसले पस्त हो जाते हैं. और तीसरी किस्म के वो जो इस सपने को हर रोज गांजा मारने के बाद जीते हैं और आखिर में घर से इंडस्ट्रियल विजिट का फण्ड मंगा के ट्रिप करते हैं।” इस बयान के बाद इस बात का भी बाजार गर्म है कि डीन असल में “वीनू सहस्त्रबुद्धि searching for next वीनू सहस्त्रबुद्धि” वाली थ्योरी को फॉलो करते हैं और इसी वजह से उन्होंने इन लड़कों को फुल इंटरनल दिए है और अपनी legacy को कायम किया है।



ऐसी अन्य ख़बरें