Sunday, 22nd October, 2017

चलते चलते

"'सुअच्च भारत' में 'ब्रूम' लगा के भोत अच्छा फील हुआ"-झाड़ू लगाकर पीसी ने कहा बोबो से

02, Oct 2017 By बगुला भगत

मुंबई. ‘स्वच्छ भारत’ अभियान की तीसरी सालगिरह पर प्रधानमंत्री मोदी ने आज एक बार फिर देशवासियों से साफ़-सफ़ाई की अपील की। उनकी इस अपील के बाद कूड़े के ढेर कितने कम होते हैं, यह तो पता नहीं लेकिन सोशल मीडिया पर फोटूओं के ढेर ज़रूर लग जाते हैं। रोज़ झाड़ू को देखकर नाक-भौं सिकोड़ने वाले लोग भी दो मिनट के लिये उसके साथ चिपक-चिपक कर फोटू खिंचवाते हैं। ऐसी ही ‘झाड़ूगीरी’ करने के बाद ‘पीसी’ और ‘बोबो’ नाम की दो अभिनेत्रियों के बीच क्या बातचीत हुई, आप भी सुनिये-

Swachh Bharat9
‘सुअच्च भारत’ में कॉन्ट्रीब्यूशन करतीं बॉलीवुड सेलेब्रिटी

बोबोः हैलो पीसी, हाऊ वाज योर ‘सुअच्च भारत’ कैंपेन?

पीसीः इट वाज अमेज़िंग! ‘ब्रूम ब्रूम लागा लागा ब्रूम ब्रूम! ब्रूम ब्रूम लागा लागा…’

बोबोः ये क्या गा रही हो तुम?

पीसीः ‘सुअच्च भारत’ के लिए मैंने और यो यो ने एक नया गाना शूट किया है- ‘ब्रूम ब्रूम…

बोबोः बस…बस! और मत गाओ! भोत अच्छा है।

पीसीः मैं तो इस पे एक किताब भी लिखने वाली हूं- ‘स्वीपिंग इट माय वे!’

बोबोः ओह…रियली?

पीसीः यू नो बोबो, जब मैंने पहली बार ब्रूम को टच किया ना, तो मैं बता नहीं सकती, कैसा स्ट्रेंज स्ट्रेंज सा फील हो रहा था मुझे!

बोबोः व्हाट डू यू मीन बाई पहली बार? तुम्हें क्या लगता है…मैं क्या रोज ब्रूम करती हूं?

पीसीः ओहो, तुम तो अपसेट हो गयीं। छोड़ो भी! अरे हां, तुम भी तो कल कहीं ब्रूम करने वाली थीं।

बोबोः हां, करने वाली तो थी!

पीसीः तो फिर…गयी नहीं तुम?

बोबोः ऑर्गेनाइजर्स ने मुझे दस जगहों की लिस्ट दी थी कि मैम इनमें से कोई भी क्लीन सी जगह सलेक्ट कर लो।

पीसीः फिर?

बोबोः मुझे वहां 12 बजे ब्रूम करना था। पत्ते वाले और कैमरे वाले भी सब पहुंच गये थे।

पीसीः तो फिर?

बोबोः बट वो…ग्लव्ज, मास्क और परफ़्यूम वगैरह टाइम पे नहीं पहुंचे।

पीसीः तो फिर…तुमने ब्रूम नहीं की?

बोबोः ऑफ़ कोर्स! ‘सुअच्च भारत’ के चक्कर में अगर मैं खुद ‘असुअच्च’ हो जाती तो!

पीसीः बाई द वे, ये वर्ड है बहुत टफ़- ‘सुअच्च भारत’! है ना!

बोबोः हां यार पीसी, इतना टफ़ डायलॉग तो मैंने कभी फ़िल्मों में भी नहीं बोला!

पीसीः और रिस्की भी है। मैंने सुना है कल सल्लू भाई बेहोश हो गये थे इस सुअच्च के चक्कर में! च्च…च्च…च्च…पुअर गाय!

बोबोः हां, नवाब साब बता रहे थे कि वो गलती से किसी सच्ची-मुच्ची की गंदी लोकेशन पे पहुंच गये थे और सड़े पानी और पन्नियों के कॉम्बिनेशन को देखते ही बेहोश हो गये। आफ़्टरऑल वो भी तो ‘ह्यूमन बीईंग’ हैं, एक लिमिट तक ही गंदगी अफ़ोर्ड कर सकते हैं। है ना!

पीसीः ओह शिट, मैं तो भूल ही गयी! मुझे तो ‘बीईंग ह्यूमन’ के फ़ंक्शन में कैटवॉक करने जाना है। ओके, अब मैं रखती हूं। शाम को सेल्फ़ी देख लेना।

बोबोः मुझे भी एक प्रोमोशन में सब्ज़ी बेचने जाना है। मैं भी सेल्फ़ी डाल दूंगी। ओके सी यू!

(इसके बाद दोनों सेल्फ़ी-सेल्फ़ी खेलने का वादा करते हुए फ़ोन रख देती हैं और अपना-अपना चैरिटी वर्क करने चली जाती हैं)



ऐसी अन्य ख़बरें