Tuesday, 24th October, 2017

चलते चलते

जय शाह के बदले में वाड्रा का केस होगा रफ़ा-दफ़ा; कांग्रेस-बीजेपी में हो रही है गुपचुप डील

10, Oct 2017 By बगुला भगत

नयी दिल्ली. बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह के बेटे का नाम भ्रष्टाचार में आने के बाद देश की राजनीति में तूफ़ान मचा हुआ है। एक ओर जहाँ बीजेपी शाह पर लगे सारे आरोपों को सिरे से नकार रही है तो वहीं, कांग्रेस इस मुद्दे को छोड़ने के मूड में नहीं है। कांग्रेस के नेता कह रहे हैं कि अगर जय निर्दोष है तो फिर तुम लोगों ने हमारे रॉबर्ट वाड्रा जी को क्यूँ बदनाम किया था! लेकिन दोनों पार्टियों की यह जंग सिर्फ़ कैमरों के सामने चल रही है, परदे के पीछे दोनों पार्टियों में गुपचुप डील होने की ख़बरें आ रही हैं।

Jay Shah
बेटे और दामाद के बीच जंग

विश्वस्त सूत्रों के हवाले से फ़ेकिंग न्यूज़ को पता चला है कि दोनों पार्टियाँ ‘इस हाथ दे और उस हाथ ले’ की पॉलिसी अपना रही हैं। यानि तुम हमारे जय को कुछ मत कहो, हम तुम्हारे वाड्रा को नहीं छेड़ेंगे। इस डील के बारे में कांग्रेस और बीजेपी के दो बड़े नेताओं की कल एक फ़ाइव स्टार होटल में मुलाक़ात हुई, जिसमें दोनों मामलों को रफ़ा-दफ़ा करने पर चर्चा हुई।

हालांकि अभी डील पर फ़ाइनल मुहर नहीं लग पायी है, अंतिम फ़ैसला दोनों पार्टियों के आलाकमान को फ़ैसला करना है।

उधर, बीजेपी के कुछ नेता इस डील से नाराज़ बताये जा रहे हैं। उनका कहना है कि वाड्रा जैसी सोने की मुर्गी को छोड़ना फ़ायदे का सौदा नहीं है। हमें पिछला चुनाव जिताने में इस मुर्गी का बहुत बड़ा योगदान है और ये मुर्गी हमें 2019 के चुनावों में भी बहुत काम आयेगी। इसके उलट, कुछ नेताओं का कहना है कि इस मुर्गी से जितने अंडे ले सकते थे, ले चुके हैं। अब इसमें कुछ नहीं रखा!

इस बीच, जैसे ही कांग्रेस-बीजेपी में डील होने की ख़बर आम आदमी पार्टी को लगी, उसने तुरंत रायता फैलाना शुरु कर दिया। पार्टी के संयोजक और दिल्ली के मुख्यमंत्री केजरीवाल का कहना है कि “इतने दिनों के बाद तो कोई मुद्दा हाथ लगा है, उसे इतनी आसानी से कैसे छोड़ दें। अब तो हमारे दोनों हाथों में मुर्गियाँ हैं!”



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