Sunday, 20th August, 2017

चलते चलते

गब्बर के बार-बार "होली कब है" पूछने पर सांभा ने भेजा आई-फ़ोन पर कैलेंडर इनवाइट विद रिमाइंडर

13, Mar 2017 By Pagla Ghoda

चम्बल घाटी, रामगढ़. जाने-माने समाज सेवी और पूर्व डाकू डॉ. गब्बर सिंह आजकल रामगढ़ के अपने बंगले में सन्यासी का जीवन व्यतीत कर रहे हैं। पर खैनी खाना, चीटियों को, कीड़े मकोड़ों को मसलना और नृत्य-संगीत के मज़े लेना जैसी उनकी आदतें अभी भी वैसी की वैसी बरकरार हैं। साथ ही साथ उनके डायलॉग जैसे कि “कितने आदमी थे”, “अब तेरा क्या होगा कालिया”, और “होली कब है कब है होली” भी वो बारम्बार रिपीट करते रहते हैं।

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आईफ़ोन पर होली का रिमाइंडर देखते गब्बर जी

गब्बर के पर्सनल सेक्रेटरी एवं वेल्थ मेनेजर श्री समर्थ भसीन उर्फ़ ‘सांभा’ ने फेकिंग न्यूज़ को बताया, “अजी मैं तो परेशान हूँ साहब! सरदार इतने सालों के बाद भी बदलने को तैयार नहीं हैं, अब मैं भी बूढ़ा हो चला हूँ, अब उनकी ये गन्दी आदतें सही नहीं जाती। फेसबुक पे जिस भी खूबसूरत लड़की का फोटो देखते हैं कमेंट कर देते हैं- ‘ससुरा कौन चक्की का आटा खिलाते हैं तुहार माँ बाप?’, अब उन्हें कौन समझाए कि आजकल के बच्चे चक्की का क्या पैकेट वाला आटा भी नहीं खाते। कई बड़े-बड़े WWE के पहलवानों के पेज भी फेसबुक पे लाइक किये रहते हैं। वहां जाके उनकी बड़ी-बड़ी मसल्स वाली पोस्ट पे कमेंट करते हैं- ‘ससुरी बहुत जान हैं रे इन हाथों में।’ बाद में उनके अकाउंट में लॉगिन करके मैं डिलीट करता हूँ ये कमेंट। नहीं तो किसी ने अगर साइबर क्राइम सेल में शिकायत कर दी तो इस उम्र में लेने के देने पड़ जायेंगे।”

ग्रीन टी के साथ फाइबर युक्त बिस्किट खाते हुए सांभा ने आगे कहा, “अब देखिये होली आ गयी हैं न, अब हर दो घंटे में पूछते रहेंगे कि ‘होली कब है…कब है होली’ मैंने तो उनके आई-फ़ोन में होली की कैलेंडर इवेंट बना दी हैं, जो अब हर दो-दो घंटे में उन्हें होली का डेट टाइम रिमाइंडर भेजती रहती हैं, तो वही पढ़-पढ़ के खुश होते रहते हैं। लेकिन अगर अब उन्होंने होली के बारे पूछा ना, तो मैं भी भरा बैठा हूँ, पक्का गोलियों से उड़ा दूंगा सरदार को और खुद को भी ख़त्म कर लूँगा।” बोलते-बोलते सांभा गुस्से से दहल गए और तुरंत बीपी मशीन से अपना बीपी नापने लगे।

थोड़ी देर बार खुद को संभालते हुए बोले, “कभी-कभी उनकी बातें सुनके हंसी भी आती है। उस दिन कह रहे थे के अरे ओ सांभा, कितना इनाम रखी है रे सरकार हम पे? पचास हज़ार है के ज़्यादा हो गया। जितना भी है तू हमका गिरफ्तार करवा के वो इनाम ले ले, और तू अब रिटायर हो जा। और पूरा अमाउंट अपने मोबाइल वालेट में ट्रांसफर करवा लियो फिर आनलाइन कपड़े खरीद के जेल में हमको भी भिजवाइयो।”



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